अमर उजाला फाउंडेशन को मिला सम्मान

स्वैच्छिक रक्तदाता माह के समापन पर मंगलवार 18 अक्टूबर को एमएमजी स्थित ब्लड बैंक गाजियाबाद में एक संगोष्ठी का आयोजन किया गया। इस मौके पर सभी सामाजिक संस्थाओं के सदस्य, जिन्होंने रक्तदान के क्षेत्र में सराहनीय योगदान दिया है, उनको सम्मानित किया गया। इसके अलावा सरकारी ब्लड बैंक से मिलने वाले डोनर कार्ड प्राइवेट अस्पताल वालों द्वारा स्वीकार न किए जाने का मुद्दा भी उठाया गया। अमर उजाला फाउंडेशन पिछले काफी समय से गाजियाबाद जिले में महादान अभियान चलाकर लोगों में रक्तदान के प्रति जागरुकता फैला रहा है। इस कड़ी में शहरों के अलावा गांवों में रक्तदान कैंप लगाकार फाउंडेशन ने कीर्तिमान बनाया है।

एक से 31 अक्तूबर तक चलने वाले राष्ट्रीय स्वैच्छिक रक्तदान माह के अवसर पर स्वास्थ्य विभाग द्वारा आयोजित संगोष्ठी में अधिक से अधिक रक्तदान कैंप लगाने वाली संस्थाओं का सम्मान किया गया। इसमें केएन मोदी फाउंडेशन मोदीनगर, उत्तर प्रदेश युवा उद्योग प्रतिनिधि मंडल, उड़ीसा सेवा समिति साहिबाबाद, श्याम परिवार मस्त मंडल, क्लाउड-9, संत निरंकारी मंडल, विद्यावती मुकुंद लाल गर्ल्स कॉलेज, 8वीं बटालियन एनडीआरएफ, उत्तरांचल विकास समिति और अमर उजाला फाउंडेशन को सम्मानित किया गया। इनमें से सभी संस्थाओं ने कई रक्तदान शिविर लगाए जिसमें सैकड़ों यूनिट ब्लड एकत्र हुआ। इसके अलावा जनपद में रक्तदान के क्षेत्र में सराहनीय योगदान के लिए अमर उजाला फाउंडेशन को भी स्वास्थ्य विभाग द्वारा सम्मानित किया गया। ब्लड बैंक प्रभारी डॉ. एकेदुआ ने इस अवसर पर कहा कि रक्तदान के प्रति लोगों में जागरूकता फैलाने में अमर उजाला फाउंडेशन का सबसे अधिक योगदान रहा है। फाउंडेशन के रक्तदान अभियान से जुड़ने के बाद शिविरों में रक्तदानियों की संख्या काफी बढ़ी है। इस मौके पर मुख्य रूप से जिला विकास ग्राम्य अभिकरण के प्रोजेक्ट डायरेक्टर शशिकांत त्रिपाठी, एमएमजी के सीएमएस डॉ. जेके त्यागी, ब्लड बैंक प्रभारी डॉ. एकेदुआ, डॉ. विनोद, डॉ. संदीप पवार आदि मौजूद रहे।